मोदी की गारंटी फेल…6 लाख कर्मचारियों में आक्रोश…काली पट्टी लगाकर विरोध…

रायपुर, 03 नवम्बर। छत्तीसगढ़ के साढ़े चार लाख अधिकारी-कर्मचारियों और डेढ़ लाख पेंशनरों में सरकार के खिलाफ भारी आक्रोश है। भाजपा के चुनावी घोषणा पत्र में ‘मोदी की गारंटी’ के तहत केंद्रीय कर्मचारियों के समान महंगाई भत्ता और महंगाई राहत देने का वादा किया गया था, लेकिन 10 माह बाद बिना एरियर के भुगतान करने से यह गारंटी फेल साबित हो रही है।
काली पट्टी लगाकर प्रदर्शन :-
सरकार द्वारा लगातार महंगाई भत्ता के एरियर को हजम करने की परम्परा को लेकर आज ‘एक मांग एक मंच अभियान’ के बैनर तले विभागाध्यक्ष कार्यालय, इंद्रावती भवन, नया रायपुर में भोजन अवकाश के समय सैकड़ों अधिकारी-कर्मचारियों ने काली पट्टी लगाकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया।
समय पर महंगाई भत्ता नहीं :-
विरोध प्रदर्शन के दौरान एक मांग एक मंच अभियान के प्रांतीय संयोजक करन सिंह अटेरिया ने कहा कि छत्तीसगढ़ की पूर्व सरकार हो या वर्तमान सरकार, दोनों ने ही अधिकारी-कर्मचारियों एवं पेंशनरों को समय पर महंगाई भत्ता नहीं देना और एरियर की राशि को हजम करना अपनी अघोषित परम्परा बना लिया है।
अभियान के प्रदेश सचिव जितेन्द्र सिंह ठाकुर ने कहा कि इस अघोषित परम्परा के विरुद्ध सभी संगठनों को एक मंच पर आना होगा। टुकड़े-टुकड़े में बंटे रहने से कर्मचारियों का लगातार आर्थिक शोषण हो रहा है।
इस अवसर पर लोकेश कुमार वर्मा, दिलीप बंजारे, जी.एस. कोरी, सुनील भूमरकर, अजय खांडेकर, श्रीमती दुलेश्वरी कुर्रे, गीता बड़गे, वंदना राहुल, सुधा साहू, एम.डी. मानिकपुरी, भट्टाचार्य, चेतन कुमार साहू सहित सैकड़ों अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे और सरकार के खिलाफ अपना आक्रोश प्रदर्शित किया।




