थानों में अब रजिस्टर नहीं…चलेगा डिजिटल सिस्टम…ADCP अमित कांबले ने किया…ई-मालखाना का शुभारंभ…


रायपुर, 10 अगस्त । राजधानी की पुलिसिंग अब और भी ज्यादा हाईटेक और पारदर्शी होने जा रही है। पुलिस कमिश्नर डॉ. संजीव शुक्ला के निर्देशन में पुलिस कमिश्नरेट को आधुनिक बनाने की मुहिम के तहत आज दो बड़े थानों में एक ऐतिहासिक पहल की गई है।
उत्तर जोन के थाना पंडरी और थाना उरला में आज ई-मालखाना प्रणाली का भव्य शुभारंभ किया गया। इस अत्याधुनिक प्रणाली का उद्घाटन अतिरिक्त पुलिस आयुक्त अमित तुकाराम कांबले, IPS के करकमलों से किया गया।
यह पूरा प्रोजेक्ट DCP नॉर्थ जोन श्रीमती दीपमाला कश्यप के नेतृत्व और एडिशनल DCP आदित्य पांडे के पर्यवेक्षण में पूरा किया गया है।
क्या है ई-मालखाना प्रणाली?
अब तक थानों में अपराधों में जप्त माल-मशरूका का हिसाब-किताब रजिस्टरों में होता था। अब सब कुछ डिजिटल होगा।
ई-मालखाना प्रणाली से जप्त माल की एंट्री से लेकर कोर्ट में पेश करने और निस्तारण तक की हर गतिविधि का डिजिटल रिकॉर्ड रहेगा। किसी भी केस का माल कहाँ रखा है, कब आया, कब गया – सबकी जानकारी एक क्लिक पर मिल जाएगी।
इससे 3 बड़े फायदे होंगे :-
1. पारदर्शिता और जवाबदेही: जप्त माल की चेन ऑफ कस्टडी पूरी तरह मजबूत होगी, हेराफेरी की गुंजाइश खत्म।
2. गलती की गुंजाइश जीरो: मानवीय त्रुटि कम होगी और रिकॉर्ड ज्यादा सुरक्षित रहेगा।
3. तेज कार्रवाई: कोर्ट को माल पेश करने और उसके निस्तारण की प्रक्रिया अब और तेज और व्यवस्थित होगी।
पुलिस कमिश्नरेट द्वारा चरणबद्ध तरीके से सभी थानों में इसे लागू किया जा रहा है। इसी कड़ी में पंडरी और उरला में शुरुआत की गई है।
इस मौके पर ACP पंडरी कृष्ण कुमार चंद्राकर, ACP उरला सुश्री पूर्णिमा लामा, थाना प्रभारी पंडरी परेश पांडे, थाना प्रभारी उरला रोहित मालेकर सहित दोनों थानों के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे



